- अपनी आदत को बदलें – भाग-2
Neuroplasticity के रहस्य को समझते हुए आइये आदत, सोच और कर्म को गुर्जिएफ़, जेन-कोआन और बौद्ध बोधिचित्ता के दृष्टिकोण से बदलें | आइये पहले जाने आधुनिक तंत्रिका विज्ञान की नवीनतम खोज Neuroplasticity क्या है यानि मस्तिष्क कैसे सीखता है जब भी आप कोई विचार, भावना या शारीरिक क्रिया का अनुभव करते हैं, तो आपके मस्तिष्क में…
- अपनी किसी भी आदत को बदलें – भाग- 1
क्या कोई भी किसी भी आदत को कभी भी बदल सकता है? जी हाँ ! आइये पहले इसे एक कहानी के माध्यम से समझते हैं : राकेश, पुणे की एक बड़ी कंपनी में सोफ्टवेयर इंजिनियर के पद पर पिछले तीन साल से अच्छी-खासी तनख्वाह पर काम कर रहा है | राकेश की पत्नी मीनू एक…
- ध्यानावस्था और विधि भाग-2
ध्यान एक अवस्था है, क्रिया नहीं। यह पहली और सबसे महत्वपूर्ण समझ है। आप ध्यान नहीं कर सकते। ध्यान आपके साथ हो सकता है। ये दो बिल्कुल अलग बातें हैं। जैसे आप नींद नहीं ला सकते, आप बस परिस्थितियाँ बना सकते हैं जैसे बत्ती बंद कीजिए, बिस्तर पर लेटिए, आँखें बंद कीजिए, शरीर ढीला कीजिए।…
- क्या ध्यानावस्था विधि द्वारा प्राप्त की जा सकती है? भाग-1
ध्यानावस्था —सचमुच त्राटक, एकाग्रता, तनाव प्रबंधन, लयबद्ध श्वास या किसी अन्य विधि के माध्यम से प्राप्त किया जा सकता है? राहुल की उम्र लगभग चालीस साल है | वह एक प्राइवेट बैंक में मैनेजर की पोस्ट पर पिछले कुछ साल से कार्य कर रहा है। शुरू-शुरू में उसे अपने दोस्तों की बात झूठ लगी कि…
- प्रेम कब प्रेम न होकर पिंजरा बन जाता है??
प्रेम में जब असुरक्षा का अनुभव होने लगता है तब प्रेम एक पिंजरा बन कर रह जाता है | आइये इसे विज्ञान भैरव तंत्र, बौद्ध करुणा, तिब्बती साधना और आधुनिक मनोविज्ञान के दृष्टिकोण से समझते हैं कि ऐसा कब और क्यों होता है | रात के ग्यारह बजे हैं। आपका साथी सो चुका है, लेकिन आपकी…